Wednesday, January 26, 2022

बीजेपी के लिए सिरदर्द बनी लखनऊ कैंट सीट

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के लिए लखनऊ कैंट सीट सिरदर्द बन चुकी है। एक ओर सांसद रीता बहुगुणा जोशी अपने बेटे के लिए इस सीट से टिकट मांग रही हैं, तो हाल ही में पार्टी में आईं समाजवादी पार्टी (सपा) के संरक्षक मुलायम सिंह यादव की छोटी बहू अपर्णा यादव के भी इस सीट पर दावेदारी की चर्चा चल रही है।

वहीं, भाजपा के मौजूदा MLA सुरेश चंद्र तिवारी ने भी स्पष्ट कर दिया है कि वह एक बार फिर इस सीट से चुनाव लड़ना चाहते हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि अपर्णा यादव और रीता बहुगुणा जोशी के बेटे को टिकट नहीं दिया जाएगा। सुरेश चंद्र तिवारी ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि पार्टी नेतृत्व ने पहले ही सपष्ट कर दिया है कि किसी मौजूदा MLA या सांसद के बेटे-बेटी को टिकट नहीं मिलेगा। इसलिए जोशी के बेटे को टिकट मिलने का सवाल ही नहीं है।

अपर्णा यादव की दावेदारी पर उनका कहना है कि मुलायम की बहू को किसी सीट से टिकट नहीं मिलेगा और पार्टी उनका उपयोग पूरे राज्य में प्रचार के लिए करेगी। उन्होंने कहा कि, ‘मैंने एक बार फिर इस सीट से भाजपा के टिकट पर लड़ने की इच्छा जताई है। मुझे लगता है कि टिकट मुझे ही मिलेगा।’ बता दें कि सुरेश चंद्र इस सीट से चार बार MLA रह चुके हैं और भाजपा से दशकों से जुड़े हुए हैं।

कल से शुरू होगा BJP का असली 'खेला', अमित शाह-योगी का प्लान फाइनल


अमित शाह और सीएम योगी की फाइल फोटो

 उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव (UP Election 2022) में फिर से जीत का परचम लहराने के उद्देश्य से भारतीय जनता पार्टी (BJP) कल से चुनावी अभियान में जुटने वाली है. भाजपा (BJP News) का कल से चुनावी जनसंपर्क अभियान का आगाज होगा. केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह (Amit shah), पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ताबड़तोड़ चुनाव प्रचार करेंगे और भाजपा के पक्ष में हवा बनाएंगे. बताया जा रहा है कि भाजपा के चुनावी कार्यक्रम की कमान खुद अमित शाह संभालेंगे और जगह-जगह जाकर चुनाव प्रचार करेंगे. तो चलिए जानते हैं भाजपा के जनसंपर्क अभियान का पूरा कार्यक्रम.

लखनऊ: उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव (UP Election 2022) में फिर से जीत का परचम लहराने के उद्देश्य से भारतीय जनता पार्टी (BJP) कल से चुनावी अभियान में जुटने वाली है. भाजपा (BJP News) का कल से चुनावी जनसंपर्क अभियान का आगाज होगा. केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह (Amit shah), पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ताबड़तोड़ चुनाव प्रचार करेंगे और भाजपा के पक्ष में हवा बनाएंगे. बताया जा रहा है कि भाजपा के चुनावी कार्यक्रम की कमान खुद अमित शाह संभालेंगे और जगह-जगह जाकर चुनाव प्रचार करेंगे. तो चलिए जानते हैं भाजपा के जनसंपर्क अभियान का पूरा कार्यक्रम.

अमित शाह का चुनावी कार्यक्रम
-अमित शाह 27 जनवरी को मथुरा और गौतमबुद्धनगर में जनसंपर्क करेंगे
-अमित शाह 29 जनवरी को मुजफ्फरनगर और सहारनपुर रहेंगे
-अमित शाह 31 जनवरी को रामपुर और संभल में प्रचार करेंगे
-अमित शाह 2 फरवरी को कन्नौज और कानपुर नगर जाएंगे

सीएम योगी का कार्यक्रम
-योगी आदित्यनाथ 27 जनवरी को बिजनौर और मुजफ्फरनगर में सभाएं करेंगे
-सीएम योगी 28 जनवरी को बदायूं और कासगंज में रहेंगे
-सीएम योगी 29 जनवरी को जालौन और कानपुर देहात में चुनावी प्रचार करेंगे
-सीएम योगी 30 जनवरी को आगरा और मैनपुरी में प्रचार करेंगे
-सीएम योगी 31 जनवरी को मेरठ और हापुड़ में घर-घर चुनाव प्रचार करेंगे

भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा का चुनावी कार्यक्रम
भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा 28 जनवरी को शाहजहांपुर और आंवला में चुनाव प्रचार करेंगे
-जेपी नड्डा 29 जनवरी को इटावा और औरैया
-जेपी नड्डा 30 जनवरी को फिरोजाबाद और हाथरस में रहेंगे
-जेपी नड्डा 1 फरवरी को हमीरपुर और महोबा जाएंगे

राजनाथ का चुनावी कार्यक्रम
-रक्षामंत्री राजनाथ सिंह 27 जनवरी को बागपत और गाजियाबाद में चुनाव प्रचार करेंगे
– राजनाथ 2 फरवरी को पीलीभीत और लखीमपुर खीरी में चुनावी प्रचार करेंगे

यूपी में कब-कब वोटिंग
बता दें कि उत्तर प्रदेश में सात चरणों में मतदान होना है. इसकी शुरुआत 10 फरवरी को राज्य के पश्चिमी हिस्से के 11 जिलों की 58 सीटों पर मतदान के साथ होगी. दूसरे चरण में 14 फरवरी को राज्य की 55 सीटों पर मतदान होगा. उत्तर प्रदेश में तीसरे चरण में 59 सीटों पर, 23 फरवरी को चौथे चरण में 60 सीटों पर, 27 फरवरी को पांचवें चरण में 60 सीटों पर, तीन मार्च को छठे चरण में 57 सीटों पर और सात मार्च को सातवें चरण में 54 सीटों पर मतदान होगा. वहीं यूपी चुनाव के नतीजे 10 मार्च को आएंगे.

पाकिस्तान असली दुश्मन नहीं’ बोलकर अखिलेश ने अपने पैर पर मारी कुल्हाड़ी? सर्वे में मिला जवाब


समाजवादी पार्टी (सपा) के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने एक इंटरव्यू में यह कहकर नया विवाद खड़ा कर दिया कि पाकिस्तान भारत का असली दुश्मन नहीं है। बीजेपी ने इस मुद्दे पर अखिलेश यादव और सपा की घेराबंदी शुरू कर दी है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि अखिलेश की ओर से पहले जिन्ना और फिर पाकिस्तान को लेकर कही गई बात से बीजेपी को फायदा हो सकता है। सीवोटर ने इस मुद्दे पर सर्वे भी किया है, जिसके नतीजे भी इस बात की तस्दीक कर रहे हैं। 

सीवोटर की ओर से किए गए त्वरित सर्वे में लोगों से पूछा गया कि क्या पाकिस्तान का मुद्दा उछालकर अखिलेश ने सेल्फ गोल किया है? जवाब में 46 फीसदी लोगों ने कहा कि ‘हां’ अखिलेश को इसका नुकसान हो सकता है। वहीं 32 फीसदी लोगों ने कहा कि अखिलेश को इससे नुकसान नहीं होगा। वहीं, 22 फीसदी लोगों ने ‘पता नहीं’ विकल्प चुना। 

मुसलमानों का बड़ा नेता कौन?
सी वोटर के ओपिनियन पोल में दूसरा सवाल पूछा गया कि अब तक के टिकट बंटवारे के हिसाब से मुसलमानों का बड़ा नेता कौन है? इसके जवाब में 65 फीसदी लोगों ने अखिलेश यादव का नाम लिया तो 12 फीसदी ने कहा कि वह मायावती को आगे मानते हैं। 6 फीसदी ने प्रियंका गांधी का नाम लिया तो 16 फीसदी ओवैसी को मुसलमानों का बड़ा नेता मानते हैं। ओपिनियन पोल के आंकड़े बेहद दिलचस्प है। अखिलेश के बाद सबसे अधिक लोगों ने ओवैसी को मुसलमानों का सबसे बड़ा नेता बताया है।   

मुसलमानों को टिकट नहीं देने से बीजेपी को फायदा?
बीजेपी ने अभी तक एक भी मुस्लिम प्रत्याशी को यूपी में नहीं उतारा है। हालांकि, एनडीए में शामिल अपना दल ने स्वार सीट से मुस्लिम उम्मीदवार को टिकट दिया है। सर्वे में लोगों से पूछा गया कि मुस्लिम उम्मीदवारों को टिकट नहीं देने से बीजेपी को फायदा होगा या नुकसान? इसके जवाब में 53 फीसदी लोगों ने माना कि बीजेपी को फायदा होगा। वहीं 31 फीसदी ने कहा कि बीजेपी को नुकसान हो सकता है। वहीं 14 फीसदी लोगों ने पता नहीं में जवाब दिया।

Tuesday, January 25, 2022

प्रधानमंत्री मोदी से सम्पर्क करने हेतु उपाय: प्रताप मिश्रा


प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi)
 से मिलने के लिए बहुत से लोगों के मन में इच्छा होती है और वे उस इच्छा को पूरा भी करना चाहते हैं. चूंकि उनके पास इस इच्छा को पूरा करने का कोई आसान तरीका या यूं कहें कि कोई जरिया नहीं होता है और ऐसे में उनकी यह इच्छा अधूरी रह जाती है. जैसा कि आप जानते हैं कि कुछ समय पहले तक आम नागरिकों के लिए प्रधानमंत्री ((PM Modi)) से मिलना या उनसे संपर्क करना बिल्कुल भी आसान काम नहीं था. हालांकि मौजूदा समय में सोशल मीडिया और संचार माध्यमों में आए नए बदलाव की वजह से अब प्रधानमंत्री से संपर्क करना काफी आसान हो गया है. 

ऑनलाइन और ऑफलाइन माध्यम से कर सकते हैं संपर्क

जनता से संपर्क स्थापित करने के उद्देश्य से प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) ने कई ऑनलाइन और ऑफलाइन माध्यम शुरू किए हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) से संपर्क करने के लिए इन तरीकों को उपयोग किया जा सकता है. आम नागरिक प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) की वेबसाइट पर जाकर या पत्राचार के माध्यम से नरेंद्र मोदी से संपर्क कर सकते हैं. प्रधानमंत्री कार्यालय की आधिकारिक वेबसाइट (http://pmindia.gov.in/en/interact-with-honble-pm/) पर जाकर प्रधानमंत्री से संपर्क किया जा सकता है. आप अपने प्रश्नों के जवाब के लिए RTI भी फाइल कर सकते हैं. आम नागरिक पत्र लिखकर भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से संपर्क कर सकते हैं. पत्राचार का पता है- वेब सूचना प्रबंधक: संयुक्त सचिव, प्रधानमंत्री कार्यालय, साउथ ब्लॉक, नई दिल्ली- 110011, दूरभाष संख्या- 011-23014547

आम नागरिक 'Narendra Modi/NaMo' और 'PMO' मोबाइल एप्लिकेशन के माध्यम से संपर्क कर सकते हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ संपर्क को आसान बनाने के लिए प्रधानमंत्री की तकनीकी टीम द्वारा एंड्रॉइड, विंडोज और आईओएस तीनों माध्यमों में मोबाइल एप्लिकेशन विकसित किया गया है. आप अपने मोबाइल फोन पर इन ऐप को डाउनलोड कर सकते हैं.

twitter, फेसबुक पेज के माध्यम से भी कर सकते हैं संपर्क

ट्वीटर (twitter) के माध्यम से भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से संपर्क किया जा सकता है. नरेंद्र मोदी के ट्वीटर हैंडल @PMOIndia(https://twitter.com/pmoindia) या @Narendramodi http://narendramodi./) पर भी संपर्क कर सकते हैं. नरेंद्र मोदी के फेसबुक पेज या fb.com/pmoindia पर जाकर भी सवाल पूछा जा सकता है.

  • https://instagram.com/narendramodi
  • https://in.linkedin.com/in/narendramodi
  • https://play.google.com/store/apps/details?id=com.narendramodiapp&hl=en
  • flickr.com/photos/92359345@N07
  • narendra-modi.tumblr.com

फैक्स (Fax), ईमेल के माध्यम से भी कर सकते हैं संपर्क

आम नागरिक 0091-11-23019545 या 0091-11-23016857 नंबर पर फैक्स करके संपर्क कर सकते हैं. फैक्स के जरिए समस्या या सुझाव प्रधानमंत्री कार्यालय तक पहुंचा सकते हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi) की ईमेल आईडी narendramodi1234@gmail.com पर मेल भी भेज सकते हैं. यह जानकारी DIGIlOCKER की वेबसाइट पर दी गई है.

Sunday, January 23, 2022

हिंदू युवा वाहिनी और हिंदू फ्रंट फ़ॉर जस्टिस ने सुप्रीम कोर्ट को दी मुस्लिम नेताओं के भड़काऊ भाषणों की लिस्ट


पिछले दिनों मुस्लिम नेताओं द्वारा कथित तौर पर हिंदुओं के खिलाफ दिए गए भड़काऊ और अपमानजनक भाषण को लेकर सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई है। समान और सुरक्षा की मांग करते हुए एक हिंदू संगठन ने देश के सर्वोच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया है। याचिका में हस्तक्षेप की मांग की गई है। आपको बता दें कि अदालत ने हाल ही में हरिद्वार और दिल्ली में एक धार्मिक सभा में हिंदू धार्मिक नेताओं द्वारा अभद्र भाषा के खिलाफ उत्तराखंड, केंद्र सरकार और दिल्ली पुलिस से जवाब मांगा है।

हिंदू फ्रंट फॉर जस्टिस ने घृणास्पद भाषणों की एक सूची तैयार की है। ये वैसे भाषण हैं, जिनमें मुस्लिम नेताओं और मौलवियों द्वारा कथित तौर पर हिंदुओं के खिलाफ नरसंहार का आह्वान किया गया है। याचिका में यह भी दावा किया गया है कि इसके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई है।

अधिवक्ता विष्णु शंकर जैन द्वारा दायर आवेदन में कहा गया है, “भारत का प्रत्येक नागरिक समान रूप से कानूनों के समान संरक्षण का हकदार है। अभद्र भाषा की घटनाओं का विश्लेषण करते समय बहुमत या अल्पसंख्यक की अवधारणा को पेश नहीं किया जाना चाहिए।”

सुप्रीम कोर्ट से लंबित मामलों में हस्तक्षेप की अपील
अपमानजनक या भड़काऊ भाषण की परिभाषआ तय करने के लिए न्यायिक समीक्षा की भी मांग की गई है। संगठन और उसके दो सदस्यों द्वारा आवेदन में कहा गया है, “अभद्र भाषा व्यक्तियों द्वारा समाज में अशांति पैदा करने, हिंसा और सांप्रदायिक तनाव को भड़काने के इरादे से दी जाती है। आत्मरक्षा के विषय के साथ एक विशेष समुदाय के सदस्यों की रक्षा करने के इरादे से एक भाषण अभद्र भाषा के दायरे में नहीं आ सकता है।” आवेदकों ने सुप्रीम कोर्ट के समक्ष लंबित कार्यवाही में हस्तक्षेप की मांग की है।

आपको बता दें कि 12 जनवरी को भारत के मुख्य न्यायाधीश एनवी रमना की अध्यक्षता वाली पीठ ने वरिष्ठ अधिवक्ता अंजना प्रकाश और पत्रकार कुर्बान अली द्वारा दायर एक याचिका पर नोटिस जारी किया था। इसमें हरिद्वार में दिसंबर में आयोजित एक धार्म सभा में कथित तौर पर मुसलमानों के खिलाफ हिंसा की बात कही गई थी।

हिंदू युवा वाहिनी ने सुप्रीम कोर्ट को दी लिस्ट
याचिका में हिंदू युवा वाहिनी द्वारा दिल्ली में आयोजित एक कार्यक्रम में किए गए एक और अभद्र भाषा की सामग्री भी पेश की गई। अदालत को सूचित किया है कि आने वाले महीनों में भी इसी तरह के आयोजनों की योजना बनाई गई थी। उसके बाद से मामला सुनवाई के लिए नहीं आया है।

ओवैसी के भाषण का भी जिक्र
एक जवाबी हमले के रूप में हिंदू फ्रंट फॉर जस्टिस के आवेदन में ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तिहादुल मुस्लिमीन के नेताओं अकबरुद्दीन ओवैसी और वारिस पठान द्वारा दिए गए भाषणों का जिक्र किया गया है। उन्होंने कथित तौर पर 2013 में हिंदू देवी-देवताओं का अपमान करते हुए भाषण दिए थे। उन्होंने कथित तौर पर कहा था, “हम (मुसलमान) ) 25 करोड़ हैं और आप (हिन्दू) 100 करोड़ हैं। पुलिस को 15 मिनट के लिए हटा दें और परिणाम देखें।”

मुस्लिम मौलवी का भाषण भी कोर्ट में पेश
याचिका में मुस्लिम मौलवियों द्वारा अभद्र भाषा के उदाहरण दिखाते हुए वीडियो लिंक और समाचार क्लिपिंग पेश किया गया है। पश्चिम बंगाल के एक मौलवी का भी वीडियो कोर्ट के समक्ष रखा गया है। वीडियो में मौलवी को यह कहते हुए सुना जा सकता है कि ”अगर रोहिंग्याओं को निर्वासित किया गया तो वे लाखों लोगों को जान से मार देंगे।” आवेदकों ने कहा कि इस तरह के भड़काऊ अभद्र भाषा के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई है।

‘उनके भाषणों से आती है मुस्लिम लीग की याद’
याचिका में कहा गया है, “मुस्लिम नेताओं द्वारा दिए गए भड़काऊ भाषणों ने हिंदू समुदाय में भय और अशांति का माहौल पैदा कर दिया है। इस तरह के बयान हमें मुस्लिम लीग के कामकाज की याद दिलाते हैं, जिसके परिणामस्वरूप देश का विभाजन हुआ।” आवेदन में मुस्लिम नेताओं को हिंदुओं के खिलाफ नफरत और हिंसा फैलाने से रोकने के लिए अदालत के हस्तक्षेप की मांग की गई है।


Friday, January 21, 2022

भाजपा में शामिल होने के बाद अपर्णा ने मुलायम सिंह का लिया आशीर्वाद, लखनऊ में हुआ भव्य स्वागत


भाजपा में शामिल होने के बाद अपर्णा ने मुलायम सिंह का लिया आशीर्वाद, लखनऊ में हुआ भव्य स्वागत

भाजपा में शामिल होने के बाद अपर्णा यादव ने सपा संस्थापक मुलायम सिंह यादव का आशीर्वाद लिया। इस मुलाकात की उन्होंने तस्वीर साझा करते हुए कहा कि भाजपा की सदस्यता लेने के बाद लखनऊ आने पर पिताजी/नेताजी से आशीर्वाद लिया। इससे पहले दिल्ली से लखनऊ लौटने पर हुए भव्य स्वागत के लिए वहां की जनता का आभार जताया।

लखनऊ। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से ठीक पहले समाजवादी पार्टी (सपा) छोड़कर अपर्णा यादव ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की सदस्यता ग्रहण कर ली। इसके बाद उन्होंने अपने ससुर और सपा संस्थापक मुलायम सिंह यादव से आशीर्वाद लिया। अपर्णा यादव ने इस मुलाकात की तस्वीर भी साझा की। अपर्णा यादव ने ट्वीट में लिखा कि भाजपा की सदस्यता लेने के बाद लखनऊ आने पर पिताजी/नेताजी से आशीर्वाद लिया। 

लखनऊवासियों का जताया आभार

इस ट्वीट से पहले अपर्णा यादव ने भाजपा को टैग करते हुए एक ट्वीट किया। जिसमें उन्होंने लिखा कि भाजपा की सदस्यता ग्रहण करके दिल्ली से लखनऊ अमौसी एयरपोर्ट पहुँचने पर समर्थकों और कार्यकर्ताओं द्वारा भव्य स्वागत किया गया, मैं आप सब का धन्यवाद ज्ञापित करती हूं कि इतनी बड़ी संख्या में पधारकर आप सब ने मेरा सम्मान बढ़ाया और उत्साहवर्धन किया। मैं माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के दिशा-निर्देशों का अनुपालन करते हुए भारत राष्ट्र को प्रगति के एक नए आयाम में ले जाने के संकल्प के साथ कार्य करती रहूंगी।

PM मोदी को कहा था शुक्रिया

भाजपा में शामिल होने के बाद अपर्णा यादव ने प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री योगी का आभार जताया था। उन्होंने कहा था कि वह प्रधानमंत्री मोदी और उनकी नीतियों से हमेशा से प्रभावित रही हैं और अब वह भाजपा की सदस्यता लेकर राष्ट्र की आराधना करने निकल पड़ी हैं। 

माना जा रहा है कि अपर्णा यादव लखनऊ कैंट विधानसभा सीट से चुनाव लड़ना चाहती हैं। लेकिन इस सीट से भाजपा के कई दावेदार हैं। पिछले विधानसभा चुनाव में अपर्णा यादव ने इसी सीट से चुनाव लड़ा था लेकिन उन्हें सफलता नहीं मिली थी। इसके बावजूद वो लगातार लखनऊ कैंट इलाके में सक्रिय रहीं और उनकी पहचान एक समाजिक कार्यकर्ता के रूप में होने लगी। पिछला विधानसभा चुनाव हारने के बाद अर्पणा यादव के कई बार भाजपा में जाने की अटकलें लगाई गईं और उन्होंने इसका खंडन भी किया था लेकिन पिता के भाजपा में शामिल होने के बाद उन्होंने भी सदस्यता ग्रहण कर ली।

पीएम मोदी बने एक बार फिर से दुनिया के सबसे लोकप्रिय नेता,


नई दिल्ली, 21 जनवरी। दुनियाभर में सबसे लोकप्रिय नेताओं की लिस्ट में प्रधानमंत्री पहले पायदान पर पहुंच गए हैं। ग्लोबल रेटिंग एजेंसी मॉर्निंग कंसल्ट पॉलिटिकल इंटेलिजेंस के अनुसार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रेटिंग 71 फीसदी है। जबकि मेक्सिको के राष्ट्रपति आंद्रेज लोपेज ओब्राडोर दूसरे पायदान पर हैं। दुनिया के शीर्ष नेताओं की बात करें तो इस लिस्ट में अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडेन की रेटिंग 43 फीसदी है, जबकि ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन की रेटिंग 26 फीसदी है। तीसरे पायदान पर इटली के प्रधानमंत्री मारियो द्राघी हैं जिन्हें 60 फीसदी अप्रूवल रेटिंग मिली है। चौथे नंबर पर जापान के प्रधानमंत्री फुमियो किशिदा, पांचवे नंबर जर्मनी के ऑल्फ स्कॉल्ज, छठे पर कनाडा के जस्टिन ट्रूडो हैं।

pm

मॉर्निंग कंसल्ट की वेबसाइट के अनुसार ताजा अप्रूवल रेटिंग 13 जनवरी से 22 जनवरी के बीच लिए गए आंकड़ों पर आधारित है। इसमे हर देश के वयस्क नागरिक से सवाल पूछे गए हैं, हर देश का सैंपल साइज अलग-अलग था। इससे पहले मई 2020 में पीएम मोदी की अप्रूवल रेटिंग 84 फीसदी थी। लेकिन मई 2021 में यह घटकर 63 फीसदी पर आ गई थी। लेकिन एक बार फिर से प्रधानमंत्री मोदी की अप्रूवल रेटिंग में बढ़कर 71 फीसदी तक पहुंच गई है। यह पहली बार नहीं है जबक प्रधानमंत्री मोदी ने वैश्विक अप्रूवल रेटिंग में पहले स्थान पर कब्जा किया है। इससे पहले नवंबर 2021 में भी पीएम मोदी की अप्रूवल रेटिंग सर्वाधिक थी।

एजेंसी ने एक और आधार पर लोगों की राय मांगी थी, लोगों से पूछा गया था कि क्या उनका देश सही दिशा में आगे बढ़ रहा है। इसमें हिस्सा लेने वाले 71 फीसदी लोगों का मानना है कि भारत सही दिशा में आगे बढ़ रहा है, जबकि 30 फीसदी लोगों का कहना है कि देश सही दिशा में आगे नहीं बढ़ रहा है। बता दें कि मॉर्निंग कंसल्ट पॉलिटिकल इंटेलिजेंस वैश्विक स्तर पर नेताओं की अप्रूवल रेटिंग और उनसे जुड़े विवादों को ट्रैक करता है। यह फिलहाल 13 देशों में काम कर रहा है। जिसमे भारत, ऑस्ट्रेलिया, जापान, अमेरिका, ब्राजील, कनाडा, फ्रांस, जर्मनी, इटली, मैक्सिको, दक्षिण कोरिया,स्पेन, ब्रिटेन शामिल हैं।

परम तत्व दर्शन