Thursday, February 9, 2023

अमेरिका की यूक्रेन को दो टूक, भारत पर नहीं लगा रहे कोई बैन, भारत हमारा खास पार्टनर


अमेरिका ने यूक्रेन को दो टूक जवाब दिया है कि वो भारत पर कोई कार्रवाई नहीं करने वाला और न ही उसकी मांग पर भारत पर कोई बैन लगाया जाएगा. दरअसल, यूक्रेन के शीर्ष नेताओं में से एक मांग की थी कि भारत रूस से लगातार तेल खरीद कर उसकी मदद कर रहा है. ऐसे में अमेरिका को भारत के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए और भारत पर बैन लगा देना चाहिए. लेकिन अब अमेरिका ने साफ कर दिया है कि वो ऐसा सोचता तक नहीं है. क्योंकि भारत उसका अहम सहयोगी है और वो अपनी जरूरतों के हिसाब से चीजों को बिना बिगाड़े अपना काम कर रहा है.

यूक्रेन की मदद करने के लिए भारत की तारीफ

अमेरिका की यूरोपीय और यूरेसियन मामलों की उप सचिव केरेन डोनफ्राइड ने साफ कहा है कि अमेरिका भारत को बैन करने की कोई कार्रवाई नहीं करेगा।

इस दौरान अमेरिका ने भारत की तारीफ की है कि वो रूस के साथ संबंधों को बैलेंस करते हुए यूक्रेन की मानवीय आधार पर मदद भी कर रहा है. बता दें कि भारत ने यूक्रेन को मेडिकल सहायता लगातार भेजी है. इसके अलावा यूक्रेन में फंसे भारतीयों को निकालने के लिए भारत सरकार ने बड़ा ऑपरेशन चलाया था. इस दौरान रूस ने यूक्रेनी शहरों पर हमलों को भी रोक दिया था. वहीं, भारत लगातार वैश्विक मंचों पर रूस से हमलों को बंद करने की अपील करता रहा है. 

भारत लगातार रहा है तटस्थ

अमेरिका की शीर्ष राजनयिकों में शामिल केरेन डोनफ्राइड ने ये बयान दिया है. उन्होंने कहा कि भारत का रूख बेहद तटस्थ रहा है. वो अपनी जरूरतों के लिए ही रूस से सामान खरीद रहा है. चूंकि रूस के साथ भारत के संबंध ऐतिहासिक समय से रहे हैं, ऐसे में भारत को ऐसा करने से मना भी नहीं किया जा सकता. बता दें कि भारत ने रूस के साथ संबंधों पर पश्चिमी देशों को आड़े हाथों लिया था. भारत ने कहा था कि वो जितना तेल एक महीने में लेता है, रूस से उतना तेल यूरोपीय देश हर दिन लेते हैं. 

Tuesday, February 7, 2023

दिल्ली में हिंदू पुजारियों ने मुस्लिम मौलवियों की तरह वेतन के लिए अरविंद केजरीवाल के घर के बाहर विरोध प्रदर्शन किया

दिल्ली में हिंदू पुजारियों ने मुस्लिम मौलवियों की तरह वेतन के लिए अरविंद केजरीवाल के घर के बाहर विरोध प्रदर्शन किया

मुस्लिम मौलवियों की तरह वेतन की मांग को लेकर सैकड़ों पुजारियों ने मंगलवार, 7 फरवरी, 2023 को दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के घर के सामने धरना दिया। प्रदर्शनकारियों के समूह में दिल्ली भाजपा के मंदिर प्रकोष्ठ के लोग भी शामिल थे। विरोध का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

दिल्ली बीजेपी के मंदिर प्रकोष्ठ का आज सीएम अरविंद केजरीवाल आवास के सामने हनुमान चालीसा के साथ किया धरना प्रदर्शन, मांग की गई कि दिल्ली सरकार मौलवियों की तर्ज पर पुजारियों का वेतन भी तय करेंl

वायरल वीडियो में पुजारियों को अरविंद केजरीवाल के आवास के सामने धरना देते हुए देखा जा सकता है। विरोध के दौरान पुजारियों ने हनुमान चालीसा का पाठ किया।

पुजारियों का कहना है कि जब तक दिल्ली सरकार उन्हें वेतन नहीं देती और सनातन धर्म की रक्षा के लिए काम नहीं करती, तब तक धरना-प्रदर्शन जारी रहेगा. उन्होंने यह भी कहा, “हम इस सरकार को बताना चाहते हैं कि यह सभी पुजारियों की आवाज है। हम उन्हें 2024 में सनातन धर्म की ताकत दिखाएंगे। जो जुड़े हैं वे सभी सनातन हैं। यही सनातन धर्म की पुकार है। होश में आओ और याजकों का वेतन दो।”

यह पहली बार नहीं है जब पुजारियों द्वारा अपना हक पाने के लिए विरोध प्रदर्शन किया गया है। पहले भी ऐसे विरोध प्रदर्शन होते रहे हैं। 2021 में बीजेपी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने दिल्ली के विभिन्न मंदिरों के पुजारियों को वेतन भुगतान की मांग को लेकर सीएम अरविंद केजरीवाल के घर के सामने धरना दिया था. बीजेपी ने मांग की थी कि दिल्ली के मंदिरों के पुजारियों को उचित वेतनमान दिया जाए.

केजरीवाल के घर के बाहर विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व करने वाले बीजेपी सांसद रमेश बिधूड़ी ने कहा था कि अगर मस्जिद की देखभाल करने वाले काजी और इमाम को वेतन दिया जा सकता है तो मंदिर के पुजारियों को भी वेतन मिलना चाहिए. उन्होंने कहा कि मंदिरों में सेवा करने वाले पुजारियों और संतों को किसी भी वेतन का भुगतान न करना दिल्ली सरकार के भेदभाव को दर्शाता है।

दिल्ली वक्फ बोर्ड में पंजीकृत लगभग 185 मस्जिदों के 225 इमामों और मुअज्जिनों को हर महीने उनके वेतन का भुगतान किया जाता है। इसमें इमाम को 18 हजार और मुअज्जिन को 14 हजार रुपए दिए जाते हैं। वहीं गैर पंजीकृत मस्जिदों के इमामों को 14 हजार रुपये और उन मस्जिदों के मुअज्जिनों को 12 हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय मिलता है.

राहुल गांधी के फिर बिगड़े बोल, यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ को बताया ‘ठग’!

2019 के लोकसभा चुनाव से पहले राहुल गांधी ने राफेल लड़ाकू विमान खरीद को मुद्दा बनाया था। राहुल ने आरोप लगाया था कि इस विमान को खरीदने में घोटाला हुआ। ये आरोप लगाकर राहुल गांधी और कांग्रेस के लोग पीएम नरेंद्र मोदी के लिए ‘चौकीदार चोर है’ का नारा लगाते रहे थे। बाद में सुप्रीम कोर्ट में राहुल को माफी मांगनी पड़ी थी। इससे पहले राहुल गांधी एक बार मोदी के लिए ‘खून का दलाल’ जैसा विवादित बयान भी दे चुके थे।

rahul gandhi and yogi adityanath

कांग्रेस समेत विपक्ष के तमाम नेताओं के बोल आए दिन बिगड़ते रहे हैं। ताजा मामला राहुल गांधी का है। राहुल गांधी ने विवादित बयान दिया है। राहुल गांधी ने यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ को ‘ठग’ बताया है। राहुल गांधी ने सोमवार को सामाजिक संगठनों के भारत जोड़ो अभियान के तहत ये विवादित बयान दिया। जानकारी के मुताबिक राहुल गांधी ने अपने बोल बिगाड़ते हुए योगी आदित्यनाथ के बारे में कहा कि योगी जी को अगर हिंदू धर्म समझ आता, तो वो जो करते हैं नहीं करते। वो अपने मठ का अपमान कर रहे हैं। वो धार्मिक नेता नहीं, मामूली ठग हैं। राहुल ने ये भी कहा कि देश की सबसे ज्यादा आबादी वाले राज्य (यूपी) में बीजेपी जो कर रही है, वो अधर्म है। राहुल गांधी इससे पहले भी विवादित बयान दे चुके हैं।

एक महिला के इस सवाल पर कि यूपी में धर्म की आंधी चल रही है और कांग्रेस क्या करेगी, पर राहुल ने कहा कि आपने कहा कि उत्तर प्रदेश में धर्म की आंधी है। ये धर्म नहीं है। मैंने इस्लाम के बारे में पढ़ा, ईसाई धर्म के बारे में पढ़ा। यहूदी और बौद्ध धर्म के बारे में भी पढ़ा है। हिंदू धर्म मैं समझता हूं और कोई भी धर्म नफरत फैलाने की बात नहीं करता। राहुल गांधी ने कहा कि तपस्या बंद करने पर व्यक्ति भ्रम में पड़ जाता है। उन्होंने कांग्रेस को तपस्वियों की पार्टी बताया। भारत जोड़ो यात्रा के बारे में राहुल ने कहा कि आगे और भी कोशिश होगी।

Rahul Gandhi pic

बता दें कि 2019 के लोकसभा चुनाव से पहले राहुल गांधी ने राफेल लड़ाकू विमान खरीद को मुद्दा बनाया था। राहुल ने आरोप लगाया था कि इस विमान को खरीदने में घोटाला हुआ। ये आरोप लगाकर राहुल गांधी और कांग्रेस के लोग पीएम नरेंद्र मोदी के लिए ‘चौकीदार चोर है’ का नारा लगाते रहे थे। बाद में सुप्रीम कोर्ट में राहुल को माफी मांगनी पड़ी थी। इससे पहले राहुल गांधी एक बार मोदी के लिए ‘खून का दलाल’ जैसा विवादित बयान भी दे चुके थे। अब उन्होंने योगी आदित्यनाथ को ठग कहा है।

Saturday, February 4, 2023

देश की सबसे बड़ी हेलिकॉप्टर फैक्ट्री बनकर तैयार, PM मोदी 6 फरवरी को करेंगे उद्घाटन, 20 साल में बनेंगे 1000 से ज्यादा चॉपर


तुमकुरु में एचएएल की हेलिकॉप्टर फैक्ट्री का PM नरेंद्र मोदी 6 फरवरी को करेंगे उद्धाटन. (twitter.com/PIB_India)

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 6 फरवरी को कर्नाटक के तुमकुरु में एचएएल (Hindustan Aeronautics Limited-HAL) की हेलिकॉप्टर फैक्ट्री देश को सौपेंगे. 615 एकड़ जमीन में फैली इस ग्रीनफील्ड हेलिकॉप्टर फैक्ट्री की योजना देश की सभी हेलीकॉप्टर जरूरतों को पूरा करने के लिए वन-स्टॉप फैक्ट्री बनने के नजरिये से बनाई गई है. रक्षा मंत्रालय ने कहा कि यह भारत की सबसे बड़ी हेलिकॉप्टर बनाने की फैक्टी है. शुरुआत में ये फैक्ट्री लाइट यूटिलिटी हेलिकॉप्टरों (LUH) का उत्पादन करेगी. LUH स्वदेशी रूप से डिजाइन और विकसित 3-टन वर्ग का सिंगल इंजन वाला बहुउद्देशीय उपयोगिता हेलिकॉप्टर है. जिसमें उच्च गतिशीलता की अनूठी विशेषताएं हैं.

रक्षा मंत्रालय ने कहा कि शुरू में यह हेलिकॉप्टर कारखाना हर साल लगभग 30 हेलिकाप्टरों का उत्पादन करेगा और इसे चरणबद्ध तरीके से 60 और फिर 90 हेलिकॉप्टर सालाना तक बढ़ाया जा सकता है. इससे पहले एलयूएच का उड़ान परीक्षण किया गया है और ये उद्धाटन के लिए तैयार है. रक्षा मंत्रालय ने कहा कि इसे हल्के लड़ाकू हेलिकाप्टरों और भारतीय मल्टीरोल हेलिकॉप्टरों जैसे हेलिकॉप्टरों का उत्पादन करने के लिए आगे बढ़ाया जाएगा. इसका उपयोग एलसीएच, एलयूएच, सिविल एडवांस्ड लाइट हेलिकॉप्टर और आईएमआरएच के रखरखाव, मरम्मत और ओवरहाल के लिए भी किया जाएगा. इस फैक्ट्री से सिविल एलयूएच के संभावित निर्यात को भी पूरा किया जाएगा.

रक्षा मंत्रालय ने बताया कि HAL की 20 साल के दौरान 4 लाख करोड़ रुपये से अधिक के कुल कारोबार के साथ 3-15 टन की सीमा में 1,000 से अधिक हेलिकाप्टरों का उत्पादन करने की योजना है. रक्षा मंत्रालय के मुताबिक प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार पैदा करने के अलावा तुमकुरु हेलिकॉप्टर फैक्ट्री अपने सीएसआर गतिविधियों के माध्यम से बड़े पैमाने पर समुदाय-केंद्रित कार्यक्रमों के जरिये आसपास के क्षेत्रों के विकास को बढ़ावा देगी. इस पर कंपनी पर्याप्त मात्रा में खर्च करेगी. गौरतलब है कि तुमकुरु कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु से करीब 70 किलोमीटर दूर है.

Friday, February 3, 2023

विकास की दौड़ में पिछड़ गये वंचितों के लिए काम करना सरकार की पहली प्राथमिकता : प्रधानमंत्री मोदी


प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने पूर्वोत्तर की अर्थव्यवस्था और प्रगति में पर्यटन की भूमिका को अहम बताया और कहा कि विकास की दौड़ में पिछड़ गये वंचितों के लिए काम करना सरकार की पहली प्राथमिकता है।

प्रधानमंत्री वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से असम के बारपेटा में कृष्णगुरु सेवाश्रम में विश्व शांति के लिए आयोजित कृष्णगुरु एकनाम अखंड कीर्तन में श्रद्धालुओं को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने प्रसन्नता जाहिर करते हुए कहा कि कृष्ण गुरु द्वारा प्रचारित ज्ञान, सेवा और मानवता के संदेश से भारतीय परंपरा और भी मजबूत होती जा रही है।

प्रधानमंत्री ने पूर्वोत्तर के विकास के लिए उठाये गये कदमों का उल्लेख करते हुए कहा कि बीते 8-9 वर्षों में देश ने सबके साथ और सबके विकास के लिए समर्पण भाव से काम किया है। आज विकास की दौड़ में जो जितना पीछे है, देश के लिए वो उतनी ही पहली प्राथमिकता है। यानी जो वंचित है, उसे देश आज वरीयता दे रहा है। उन्होंने कहा कि आज हम पूर्वोत्तर और असम के विकास को प्राथमिकता दे रहे हैं। पर्यटन इस क्षेत्र की अर्थव्यवस्था और प्रगति में एक प्रमुख भूमिका निभाता है। इस बार आम बजट 2023-24 में पर्यटन से जुड़े अवसरों को बढ़ाने के लिए विशेष प्रावधान किए गए हैं। देश में 50 पर्यटन स्थलों को विशेष अभियान के तहत विकसित किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि भारत की सांस्कृतिक विरासत की सबसे बड़ी अहमियत, सबसे बड़ा मूल्यवान खजाना हमारे नदी तटों पर ही है, क्योंकि हमारी पूरी संस्कृति की विकास यात्रा नदी तटों से जुड़ी हुई है। मोदी ने कहा कि आप सभी ने गंगा विलास रिवर क्रूज के बारे में सुना होगा और बड़ी संख्या में विदेशी पर्यटक इस पर यात्रा कर रहे हैं। कुछ समय बाद यह क्रूज असम पहुंचेगा और राज्य के रिवर बेसिन से होकर गुजरेगा। इसके यात्री भारत की संस्कृति का अनुभव कर रहे हैं और उन स्थलों के बारे में जान रहे हैं जहां वे जा रहे हैं। मुझे विश्वास है कि इस क्रूज पर यात्रियों के माध्यम से असम की सुंदरता और संस्कृति को दुनिया जानेगी।

मोदी ने कहा कि बीते 8-9 वर्षों में देश में गोमोशा को लेकर आकर्षण बढ़ा है, तो उसकी मांग भी बढ़ी है। उन्होंने कहा, “जब असम के शिल्प की बात होती है तो यहां के ‘गोमोशा’ का भी जिक्र अपने आप हो जाता है। मुझे खुद ‘गोमोशा’ पहनना बहुत अच्छा लगता है।”

उन्होंने कहा कि महिलाओं की आय उनके सशक्तिकरण का माध्यम बने इसके लिए 2023-24 के बजट में ‘महिला सम्मान बचत योजना’ शुरू की गई है। इस योजना के तहत महिलाओं को बचत पर विशेष रूप से अधिक ब्याज का फायदा मिलेगा।

प्रधानमंत्री ने कहा कि देश की कल्याणकारी योजनाओं की प्राणवायु, समाज की शक्ति और जन भागीदारी है। उन्होंने कहा, “हमने देखा है कि कैसे देश ने स्वच्छ भारत अभियान शुरू किया और फिर जन भागीदारी ने इसे सफल बना दिया। डिजिटल इंडिया अभियान की सफलता के पीछे भी सबसे बड़ी वजह जनभागीदारी ही है।”

उन्होंने कहा कि पारंपारिक तौर पर हाथ से किसी औजार की मदद से काम करने वाले कारीगरों को विश्वकर्मा कहा जाता है। देश ने पहली बार इन पारंपरिक कारीगरों के कौशल को बढ़ाने का संकल्प लिया है। इनके लिए ‘पीएम विश्वकर्मा कौशल सम्मान योजना’ शुरू की जा रही है। प्रधानमंत्री ने कहा कि 2023 में भारत की पहल पर पूरा विश्व मिलेट ईयर भी मना रहा है। मिलेट यानी मोटे अनाजों को अब एक नई पहचान दी गई है। ये पहचान श्री अन्न है यानि अन्न में जो सर्वश्रेष्ठ है, वो श्री अन्न है।

अखिलेश यादव के काफ‍िले में हादसा, चार गाड़ियां आपस में टकराईं, कई लोग जख्मी


Akhilesh Yadav

रिपोर्टों के अनुसार फरहत नगर रेलवे क्रॉसिंग के पास समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव के काफिले के कई वाहन आपस में टकरा गए। घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव से जुड़ी बड़ी खबर सामने आई है। यूपी के हरदोई में उनकी कारों के काफिले का एक्सीडेंट हो गया है। रिपोर्टों के अनुसार फरहत नगर रेलवे क्रॉसिंग के पास समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव के काफिले के कई वाहन आपस में टकरा गए। घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सपा प्रमुख कथित तौर पर अपने कार्यक्रम के साथ आगे बढ़ गए हैं। बताया जाता है कि उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री हरदोई के हरपालपुर क्षेत्र के बैठापुर गांव में एक मांगलिक समारोह में शामिल होने आ रहे थे। जानकारी के मुताबिक अचानक सड़क के सामने कुछ आ गया। इससे एक वाहन ने ब्रेक लगाया और दूसरा वाहन आपस में टकरा गया। हालांकि इस हादसे में अखिलेश की कार को कोई नुकसान नहीं हुआ है। उनके पीछे चल रहे वाहन आपस में टकरा गए थे।

इससे काफिले में चल रहे आधा दर्जन वाहन आपस में टकरा गए। घायलों को अस्पताल ले जाया गया है। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस व अन्य आला अधिकारी मौके पर पहुंच गए। एएसपी पूर्वी अनिल कुमार यादव ने बताया कि अखिलेश यादव के काफिले का पीछा कर रहे उनके समर्थकों के वाहन आपस में टकरा गए. बताया जाता है कि पूर्व मुख्यमंत्री दोपहर करीब दो बजे मल्लावां में कार्यकर्ताओं से मुलाकात कर हरपालपुर क्षेत्र के बैठापुर गांव के लिए रवाना हो गये। माधौगंज प्रखंड के फरहतनगर क्रासिंग मोड़ के पास काफिले में दौड़ रहे तेज रफ्तार वाहन मोड़ के पास अचानक पीछे से आपस में टकरा गये।

आधा दर्जन वाहन क्षतिग्रस्त

हादसे में करीब आधा दर्जन वाहन क्षतिग्रस्त हो गए। वहीं, कई लोगों को मामूली चोटें भी आई हैं। सूचना पर एंबुलेंस सहित पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंच गए। इसके बाद सपा अध्यक्ष को गंतव्य की ओर रवाना किया गया। वहीं, हादसे के बाद लगे जाम को खुलवाया जा रहा है। 


Wednesday, February 1, 2023

असदुद्दीन ओवैसी और अखिलेश यादव की बढ़ी मुश्किलें, 5 साल की होगी सजा!


असुद्दीन ओवैसी और अखिलेश यादव की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही है। श्रृंगार गौरी और ज्ञानवापी केस में हेट स्पीच मामले को लेकर AIMIM चीफ असदुद्दीन ओवैसी तथा सपा सुप्रीमो अखिलेश यादव के खिलाफ वाराणसी के एमपी-एमएलए कोर्ट में एक वाद दाखिल किया गया था। इस मामले में कई सुनवाई के बाद मंगलवार को बहस पूरी हो गई। जिसके बाद अदालत ने फैसला सुरक्षित रखते हुए 14 फरवरी की तारीख निर्धारित की है। यदि ये फैसला वादी पक्ष के हक में आता है तो ओवैसी व सपा सुप्रीमो पर एफआईआर दर्ज होने के साथ  5 साल तक की सजा भी हो सकती है।

14 फरवरी को तय होगी सजा

वकील अजय प्रताप सिंह ने बताया कि वादी अधिवक्ता हरिशंकर पांडे के द्वारा न्यायालय में 156-3 के तहत असदुद्दीन ओवैसी, अखिलेश यादव व अन्य नेताओं के खिलाफ वाद दाखिल किया गया है। जहां कई सुनवाई के बाद मंगलवार को बहस पूरी हो चुकी है। इस मामले में अगली सुनवाई 14 फरवरी तय की गई है। इस दिन अदालत का फैसला आएगा।

5 साल तक की हो सकती है सजा

उन्होंने बताया कि इस मामले में एविडेंस के तौर पर पेपर की कटिंग व  लोगों के बयान को दर्ज कराया गया है। उन्होंने कहा कि यदि फैसला हमारे पक्ष में आता है तो इसमें सबसे पहले एफआईआर दर्ज होगी। इसके बाद थाने की ओर से पुलिस विवेचना करेगी। विवेचना करने के बाद यदि इन अभियुक्तों को दोषी पाया जाता है तो  गिरफ्तार किया जाएगा, जिसमें 5 साल तक की सजा हो सकती है।

परम तत्व दर्शन